অসমীয়া   বাংলা   बोड़ो   डोगरी   ગુજરાતી   ಕನ್ನಡ   كأشُر   कोंकणी   संथाली   মনিপুরি   नेपाली   ଓରିୟା   ਪੰਜਾਬੀ   संस्कृत   தமிழ்  తెలుగు   ردو

सेब की फसल-कटाई उपरांत प्रौद्योगिकी

सेब की फसल-कटाई उपरांत प्रौद्योगिकी

फसल-कटाई उपरांत प्रौद्योगिकी

फसल-कटाई के बाद, सभी फल लेटेक्सा, सूटी माउल्डप और सतह पर गंदगी हटाने के लिए धोए जाते हैं। दोषमुक्त फलों की छंटाई की जानी चाहिए और शेष फलों को उनके रंग तथा आकार के अनुसार वर्गीकृत किया जाना चाहिए।

पैकेजिंग

सामान्य तौर पर सेब लिडों के साथ कार्टून में पैक किए जाते हैं। जहां स्टेपल प्रयोग किए जाते हैं वहां फल को नष्ट होने से बचाने के लिए पूर्ण स्टेडपल-बंदी सुनिश्चित की जानी चाहिए। नालीदार ट्रे भी पैकेजिंग सामग्री के रूप में समान रूप से प्रभावी होती हैं जब फलों का परिवहन किया जाना होता है। ऐसी ट्रे का प्रयोग इसकी पुन:उपयोग की वजह से लागत प्रभावी होता है।

भंडारण

जम्मू एवं कश्मीर के ऊपरी इलाकों में उगने वाले सेब परिवेशी परिस्थितियों में 90 दिनों के लिए भंडारित किए जा सकते हैं जबकि निचले इलाकों में उगने वाले सेब 60 दिनों के लिए भंडारित किए जा सकते हैं।

अधिकांश सेब अपनी गुणवत्ता बनाए रखते हैं जब 90-95 प्रतिशत संबंधित आर्द्रता के साथ 1.8 से 0 डिग्री सेल्सियस पर भंडारित किए जाते हैं। तथापि, कुछ किस्में इस तापमान पर ठंड संवेदनशील होती हैं और इसलिए इन्हें 3.3-4.4 डिग्री सेल्सियस पर भंडारित किया जा सकता है। 1 माह से अधिक समय के लिए भंडारित किए जाने वाले । फल अम्लता तथा दृढ़ता को बनाए रखकर और जलन की घटनाओं में कटौती करके नियंत्रित वातावरण (सीए) भंडारण से लाभ प्राप्त कर सकते हैं। अनुशंसित वातावरण 1-2 प्रतिशत ओ2+ 2-4 प्रतिशत सीओ2 है तथापि सीओ2 और ओ2 की सान्द्राता के लिए विशेषज्ञ से परामर्श किया जाना चाहिए क्योंकि अनुशंसित गैस मिश्रण किस्म और भौगोलिक क्षेत्र जिसमें वह किस्म उगाई जाती है के अनुसार भिन्न-भिन्न होता है। सेब अन्य तापमान वाले फलों के साथ भंडारित किए जा सकते हैं यदि उनकी भी समान तापमान अपेक्षाएं हों। सब्जियां जैसे बंदगोभी और प्याज सेबों के साथ भंडारित नहीं किए जाने चाहिएं क्योंकि सेब अपनी सुगंध आमेलित कर देते हैं। इसी तरह, 0 डिग्री सेल्सियस पर एथलिन से प्रति संवेदनशील फल और सब्जियां सेबों के साथ भंडारित नहीं की जानी चाहिए।

कूल चेन

निर्यात गुणवत्ता वाले घटक को फार्म से ग्राहक तक पहुंचाने के लिए परिवहन के दौरान कुल चेन अनिवार्य है। यह कोल्ड स्टोरेज में कम स्तार के समान बॉक्सन के भीतर तापमान व्यवस्थित करने में मदद करती है।

कूल चेन की विभिन्न अवस्थाएं हैं -

1. फार्म में कोल्डस्टोर।

2. फार्म से एअरपोर्ट तक प्रशीतित ट्रक।

3. एअरपोर्ट में कोल्ड स्टोर।

4. एअरपोर्ट में कोल्ड स्टोर में पेलेट का निर्माण।

5. कम समय में कोल्ड स्टोर से सीधे हवाई जहाज में लदाई।

6. कार्गो हवाई जहाज होल्ड में कोल्ड स्टोजर तापमान बनाए रखता है।

7. प्राप्तकर्ता देश में कोल्ड स्टोर में सीधे उतराई।

8. ग्राहकों तक ले जाने के लिए प्रशीतित ट्रक।

 

स्रोत: भारत सरकार का राष्ट्रीय बागवानी बोर्ड



© 2006–2019 C–DAC.All content appearing on the vikaspedia portal is through collaborative effort of vikaspedia and its partners.We encourage you to use and share the content in a respectful and fair manner. Please leave all source links intact and adhere to applicable copyright and intellectual property guidelines and laws.
English to Hindi Transliterate