অসমীয়া   বাংলা   बोड़ो   डोगरी   ગુજરાતી   ಕನ್ನಡ   كأشُر   कोंकणी   संथाली   মনিপুরি   नेपाली   ଓରିୟା   ਪੰਜਾਬੀ   संस्कृत   தமிழ்  తెలుగు   ردو

बुनियादी बचत बैंक जमा खाता (बीएसबीडीए)

बुनियादी बचत बैंक जमा खाता (बीएसबीडीए)

दिसंबर 2005 में क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों तथा राज्य और केंद्रीय सहकारी बैंकों को सूचित किया गया था कि वे ‘शून्य’ अथवा अत्यंत न्यूनतम शेष और प्रभार वाला एक बुनियादी बैंकिंग ‘नो फ्रिल्स’ खाता उपलब्ध कराएं, जिससे ऐसे खाते आबादी के बृहद् भाग के लिए सुलभ हो सकें। ‘नो फ्रिल्स’ खातों के नाम से जुड़ी गलत अवधारणा को दूर करने के लिए एवं संपूर्ण बैंकिंग प्रणाली में अधिक समरूप रीति से बुनियादी बैंकिंग सुविधाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से बुनियादी ‘नो फ्रिल्स’ खाता खोलने से सम्बन्धित दिशानिर्देशों को संशोधित करने का निर्णय लिया गया है। तदनुसार, वित्तीय समावेशन पर दिनांक 27 दिसंबर 2005 के परिपत्र ग्राआऋवि. केका. सं. आरआरबी. बीसी. 58/03.05.33(एफ)/ 2005-06 और 13 दिसंबर 2005 के ग्राआऋवि. आरएफ. बीसी. 54/07.38.01/2005-06 में निहित अनुदेशों के अधिक्रमण में बैंकों को सूचित किया जाता है कि बैंक एक "बुनियादी बचत बैंक जमा खाता" खोलने का प्रस्ताव दें जिसमें उनके सभी ग्राहकों के लिए निम्नलिखित न्यूनतम सामान्य सुविधाएं दी जाएंगी:

(1) ‘बुनियादी बचत बैंक जमा खाता’ को सभी के लिए उपलब्ध एक सामान्य बैंकिंग सेवा माना जाना चाहिए।

(2) इस खाते के लिए किसी न्यूनतम शेष की अपेक्षा नहीं रहेगी।

(3) इस खाते में उपलब्ध सेवाओं में बैंक की शाखा तथा एटीएमों में नकद जमा व आहरण; इलेक्ट्रॉनिक भुगतान चैनलों अथवा केंद्र/राज्य सरकार की एजेंसियों और विभागों द्वारा आहरित चेकों के जमा/संग्रहण के माध्यम से धन प्राप्ति /जमा, शामिल होंगे;

(4) यद्यपि ग्राहक द्वारा एक माह के दौरान कितनी बार राशि जमा की जाए इस पर कोई पाबंदी नहीं होगी, तथापि खाताधारकों को एक माह के अंदर एटीएम आहरणों सहित अधिकतम चार आहरणों की ही अनुमति होगी; और

(5) एटीएम कार्ड अथवा एटीएम-सह-डेबिट कार्ड की सुविधा होगी।

बुनियादी बचत बैंक जमा खाता पर अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

 

1. 'बुनियादी बचत बैंक जमा खाता' (बीएसबीडीए) की परिभाषा क्‍या है?

वर्तमान के उन सभी 'नो फ्रील' खातों को बीएसबीडीए के रूप में माना जाना चाहिए जो 24 नवंबर 2005 के परिपत्र शबैवि.बीपीडी.परि. सं. 19/13.01.000/2005-06 द्वारा जारी दिशानिर्देशों के अनुसरण में खोले गए हैं और जिन्‍हें 17 अगस्त 2012 के परिपत्र शबैवि.बीपीडी.परि. सं.5/13.01.000/2012-13 के अनुपालन में बीएसबीडीए में परिवर्तित कर दिया गया है तथा जो उक्‍त परिपत्र के अंतर्गत नए खोले गए हैं।

2. क्‍या 'शून्य' अथवा अत्‍यल्‍प शेष वाले 'नो फ्रील' खातों पर जारी दिशानिर्देश 'बुनियादी बचत बैंक जमा खाता' लागू किए जाने के बाद भी जारी रहेंगे ?

जी नहीं, 'नो फ्रील' खातों पर 24 नवंबर 2005 के परिपत्र शबैवि.बीपीडी.परि.सं. 19/13.01.000/2005-06 में निहित अनुदेशों के अधिक्रमण में बैंकों को अब अपने सभी ग्राहकों को 'बुनियादी बचत बैंक जमा खाता' प्रदान करने के लिए 17 अगस्त 2012 के परिपत्र शबैवि.बीपीडी.परि. सं. 5/13.01.000/2012-13 द्वारा सूचित किया गया है जिसमें उसमें वर्णित प्रकार से न्‍यूनतम आम सुविधाएं प्रदान की जाएंगी। बैंकों से अपेक्षित है कि वे अपने वर्तमान के 'नो फ्रील' खातों को'बुनियादी बचत बैंक जमा खाता' में परिवर्तित कर दें।

3. क्‍या व्‍यक्ति एक बैंक में कितनी भी संख्‍या में 'बुनियादी बचत बैंक जमा खाते' रख सकता है?

जी नहीं, व्‍यक्ति एक बैंक में केवल एक ही 'बुनियादी बचत बैंक जमा खाता' रखने के लिए पात्र है।

4. क्‍या 'बुनियादी बचत बैंक जमा खाता' धारी उस बैंक में अन्‍य बचत खाता रख सकता है ?

'बुनियादी बचत बैंक जमा खाता' धारी उस बैंक में अन्‍य बचत खाता खोलने के लिए पात्र नहीं है। यदि ग्राहक का उस बैंक में अन्‍य बचत खाता मौजूद हो तो उसे वह खाता 'बुनियादी बचत बैंक जमा खाता' खोलने के 30 दिनों के भीतर बंद कर देना होगा।

5. क्‍या व्‍यक्ति जहां उसका 'बुनियादी बचत बैंक जमा खाता' रखा हो वहां अन्‍य जमा खाता रख सकता है?

जी हां, व्‍यक्ति जिस बैंक में उसका 'बुनियादी बचत बैंक जमा खाता' हो वहां पर मीयादी / सावधि जमा, आवर्ती जमा आदि खाते रख सकता है।

6. क्‍या 'बुनियादी बचत बैंक जमा खाता' केवल गरीब और जनता के कमजोर वर्ग जैसे कुछ ही प्रकार के व्‍यक्तियों द्वारा खोला जा सकता है?

जी नहीं, 'बुनियादी बचत बैंक जमा खाता' को शाखाओं के माध्‍यम से सभी ग्राहकों को उपलब्‍ध सामान्‍य बैंकिंग सेवा के रूप में माना जाना चाहिए।

7. क्‍या बैंकों द्वारा व्‍यक्तियों के लिए बीएसबीडीए खोलने के संबंध में आयु, आय, राशि आदि जैसे मानदंडों के कोई प्रतिबंध हैं ?

जी नहीं, बैंकों को सूचित किया जाता है कि वे व्‍यक्तियों के संबंध में बीएसबीडीए खोलने के लिए आयु और आय मानदंड जैसे प्रतिबंध न लगाएं।

8. क्‍या 'बुनियादी बचत बैंक जमा खाता' बैंकों के वित्‍तीय समावेशन लक्ष्य का एक भाग है ?

'बुनियादी बचत बैंक जमा खाता' लागू करने का उद्देश्‍य निश्चित रूप से रिज़र्व बैंक के वित्‍तीय समावेशन उद्देश्‍यों को आगे बढ़ाने के प्रयासों का भाग है। 24 नवंबर 2005 के परिपत्र शबैवि.बीपीडी.परि.सं. 19/13.01.000/2005-06 द्वारा 'नो फ्रील' के रूप में खोले गए सभी खातों का नाम बदलकर 17 अगस्त 2012 के परिपत्र शबैवि.बीपीडी.परि. सं.5/13.01.000/2012-13 के पैरा 2 में दिए गए अनुदेशों के अनुसार बीएसबीडीए कर दिया जाना चाहिए।

9. बीएसबीडीए खातों पर लागू केवाइसी मानदंड क्‍या क्‍या हैं? क्‍या बीएसबीडीए के लिए केवाइसी मानदंडों में कोई छूट दी गई है?

'बुनियादी बचत बैंक जमा खाते' पीएमएल अधिनियम और नियमावली के उपबंध की शर्त पर होंगे और उन पर बैंक खाते खोलने के लिए अपने ग्राहक को जानिए (केवाईसी) / धन शोधन निवारण (एएमएल) के संबंध में समय-समय पर जारी रिज़र्व बैंक के अनुदेश लागू होंगे। बीएसबीडीए सरलीकृत केवाईसी मानदंडों के साथ भी खोले जा सकेंगे। तथापि, यदि सरलीकृत केवाइसी के आधार पर बीएसबीडीए खोला जाता है तो इन खातों को अतिरिक्‍त रुप से 'बीएसबीडीए – छोटा खाता' माना जाए और इस पर ऐसे खातों के लिए निर्दिष्‍ट की गई 01 जुलाई 2013 के हमारे मास्टर परिपत्र सं.शबैवि.बीपीडी(पीसीबी)माप.सं.16/12.05.001/2013-14 के अनुच्छेद 2.6(iii) में उल्लिखित शर्तें लागू होंगी।

10. क्‍या मैं भारत सरकार की अधिसूचना सं. 14/2010/एफ.सं.6/2/2007-ई.एस. दिनांक 16 दिसंबर 2010 के अनुसार एबीसी बैंक में एक 'छोटा' खाता रख सकता/ सकती हूं। क्‍या मैं इसके अतिरिक्‍त एक 'बुनियादी बचत बैंक जमा खाता' रख सकता /सकती हूं?

जी नहीं, बीएसबीडीए ग्राहक उसी बैंक में कोई अन्‍य बचत बैंक खाता नहीं रख सकता है। यदि 'बुनियादी बचत बैंक जमा खाता' सरलीकृत केवाइसी मानदंडों के आधार पर खोला जाता है, तो इस खाते को अतिरिक्‍त रूप से एक 'छोटा खाता' के रूप में माना जाएगा और इस पर ऐसे खातों के लिए निर्धारित शर्तें लागू होंगी जो "अपने ग्राहक को जानिए / धन शोधन निवारण/ आतंकवाद के वित्तपोषण का प्रतिरोध / पीएमएलए 2002 के अंतर्गत बैंकों का दायित्व" पर 01 जुलाई 2013 के हमारे मास्टर परिपत्र सं. शबैवि.बीपीडी(पीसीबी) माप.सं.16/12. 05.001/2013-14 के अनुच्छेद 2.6(iii) में उल्लिखित है।

11. अतिरिक्‍त रूप से 'बीएसबीडीए – छोटा खाता' के रूप में माने जानेवाले खातों के लिए क्‍या शर्तें निर्दिष्‍ट की गई हैं?

दिनांक 16 दिसंबर 2010 की भारत सरकार अधिसूचना में अधिसूचित प्रकार से बीएसबीडीए-छोटा खाता निम्‍नलिखित शर्तों पर होंगे :

ऐसे खातों में कुल क्रेडिट एक वर्ष में एक लाख रूपए से अधिक न हो।

खातों में अधिकतम शेष किसी भी समय पचास हजार रूपए से अधिक नहीं होना चाहिए।

किसी महीने में नकद आहरणों और अंतरणों के रूप में कुल नामे (डेबिट) दस हजार रूपए से अधिक नहीं होना चाहिए।

सामान्‍य केवाइसी औपचारिकताएं पूरी किए बिना विदेशी प्रेषण (रेमिटेंस) छोटे खातों में जमा (क्रेडिट) नहीं किया जा सकेगा।

छोटे खाते प्रारंभ में 12 महीनों की अवधि के लिए वैध होते हैं जिन्‍हें यदि व्‍यक्ति आधिकारिक रूप से वैध प्रलेख के लिए आवेदन करने का प्रमाण प्रस्‍तुत करें तो और 12 महीनों के लिए बढ़ाया जा सकता है।

छोटे खाते बैंकों की केवल सीबीएस सहबद्ध शाखाओं में ही अथवा ऐसी शाखाओं में खोले जा सकते हैं जहां शर्तों को पूरा किए जाने की व्‍यक्ति द्वारा (मैन्‍युअली)निगरानी करना संभव है।

12. बुनियादी बचत बैंक जमा खाते में किस प्रकार की सेवाएं नि:शुल्‍क उपलब्‍ध हैं ?

बुनियादी बचत बैंक जमा खाते में नि:शुल्‍क उपलब्‍ध सेवाएं हैं - नकदी जमा करना तथा नकद आहरण, इलेक्‍ट्रानिक भुगतान माध्‍यमों के जरिए अथवा बैंक शाखाओं तथा एटीएम में चेक जमा करने / चेकों की वसूली के स्‍वरूप में 'प्राप्ति' / धन का जमा (क्रेडिट)।

13. दिनांक 17 अगस्‍त 2012 के परिपत्र के अनुसार क्‍या बीएसबीडीए खोलते समय प्रारंभिक न्‍यूनतम जमा राशि रखना आवश्‍यक है?

बीएसबीडीए खोलने के लिए किसी प्रारंभिक जमाराशि की कोई आवश्‍यकता नहीं है।

14. क्‍या बैंक बुनियादी बचत बैंक जमा खाता खोलने के लिए निर्धारित सुविधाओं से अधिक सुविधाएं प्रदान करने के लिए स्‍वतंत्र हैं ?

जी हां, तथापि, न्‍यूनतम निर्धारित सेवाओं के अतिरिक्‍त सेवाओं की अनुमति देने का निर्णय बैंकों के विवेक पर छोड़ दिया गया है जो या तो अतिरिक्‍त सेवाएं नि:शुल्‍क दे सकते हैं अथवा एक उचित एवं पारदर्शी आधार पर अतिरिक्‍त मूल्यवर्द्धित (वैल्‍यू ऍडेड) सेवाओं के लिए मूल्‍यन संरचना सहित ऐसी अपेक्षाएं निर्दिष्‍ट कर सकते हैं जिन्‍हें कि ग्राहकों को पूर्व सूचना देते हुए एक नि:पक्षपाती रूप में लागू किया जाना होगा। बैंकों से अपेक्षित है कि वे मूल्यवर्द्धित सेवाओं के लिए एक उचित मूल्‍यन संरचना स्‍थापित करें अथवा न्‍यूनतम शेष रखने की आवश्‍यकता निर्धारित करें जिसे सुस्‍पष्‍ट रूप से प्रदर्शित किया जाए और साथ ही साथ खाता खोलते समय ग्राहक को बतायी जाए। ऐसी अतिरिक्‍त सेवाएं देना सभी बुनियादी बचत बैंक जमा खाता ग्राहकों के लिए गैर-विवेकपूर्ण, पक्षपातरहित एवं पारदर्शी होना चाहिए। तथापि, अतिरिक्‍त सुविधाओं युक्‍त ऐसे खातों को बीएसबीडीए के रूप में नहीं माना जाएगा।

15. यदि बीएसबीडीए ग्राहक के 4 से अधिक आहरण हो गए हों और वह अतिरिक्‍त लागत पर चेक बुक के लिए अनुरोध कर रहा हो तो क्‍या वह बीएसबीडीए नहीं रहेगा ?

जी हां, कृपया उपर्युक्‍त प्रश्‍न (प्रश्‍न सं.14) का उत्‍तर देखें। तथापि, यदि बैंक कोई अतिरिक्‍त प्रभार नहीं लगाता है और न्‍यूनतम शेष के बिना बीडीबीडीए खातों के अंतर्गत निर्धारित उन सुविधाओं के अलावा मुफ्त में अतिरिक्‍त सुविधाएं दे रहा हो तो ऐसे खाते बीएसबीडीए के रूप में वर्गीकृत किए जा सकते हैं।

16. क्‍या आइबीए (डीपीएसएस) के अनुदेशों के अनुसार अन्‍य बैंकों के एटीएम में किसी माह में सामान्‍य बचत बैंक खाते में पांच नि:शुल्‍क (मुफ्त) आहरणों की मौजूदा सुविधा बीएसबीडीए के लिए लागू रहेगी?

जी नहीं, बीएसबीडीए में बैंकों से अपेक्षित है कि वे एटीएम और अन्‍य माध्‍यम जिसमें आरटीजीएस/ एनइएफटी/ समाशोधन/ शाखा/ नकद आहरण/ अंतरण/ इंटरनेट नामे / स्‍थायी अनुदेश/ ईएमआइ आदि शामिल है, के माध्‍यम से न्‍यूनतम चार आहरण बिना प्रभार के उपलब्‍ध करायें। यह बैंक पर निर्भर रहेगा कि वह अतिरिक्‍त आहरण/णों के लिए मुफ्त में या प्रभार के साथ अनुमति दें। तथापि, यदि बैंक अतिरिक्‍त आहरण के लिए प्रभार लगाने का निर्णय लें तो बैंक द्वारा उचित, पक्षपातरहित और पारदर्शी ढंग से मूल्‍यन संरचना तैयार की जाए।

17. क्‍या बैंक वार्षिक एटीएम डेबिट कार्ड प्रभार लगाने के लिए स्‍वतंत्र है ?

बैंकों को बिना किसी प्रभार के एटीएम डेबिट कार्ड उपलब्‍ध कराने चाहिए और ऐसे कार्डों पर कोई वार्षिक शुल्‍क की उगाही नहीं की जानी चाहिए।

18. क्‍या एटीएम में शेष राशि की जांच को भी बीएसबीडीए के अंतर्गत अनुमति दिए गए चार आहरणों में ही गिना जाए ?

एटीएम के माध्‍यम से शेष राशि की जांच को एटीएम पर मुफ्त में दिए जा रहे चार आहरणों में न गिना जाए।

19. यदि बीएसबीडीए ग्राहक एटीएम डेबिट कार्ड रखने के लिए विकल्प न मानते हैं तो क्‍या बैंक को ज़बरन एटीएम डेबिट कार्ड देना चाहिए?

बीएसबीडीए खोलने के समय ही एटीएम डेबिट कार्ड प्रस्‍तावित किए जाएं और यदि ग्राहक उसके लिए लिखित रूप में अनुरोध करता है तो वह जारी किया जाए। बैंक ऐसे ग्राहकों को एटीएम डेबिट कार्ड जबरन न दें।

20. ऐसे ग्राहकों के संबंध में क्‍या किया जाए जो अनपढ़ या वृद्ध हैं जो एटीएम डेबिट कार्ड को सुरक्षित नहीं रख पा सकते हैं और कार्ड का एवं उससे जुड़े पिन (PIN) का प्रयोग करने में असमर्थ हो ?

बैंकों को बीएसबीडीए खोलते समय ऐसे ग्राहकों को एटीएम डेबिट कार्ड, एटीएम पिन और उससे जुड़े जोखिम के बारे में जानकारी देनी चाहिए। तथापि, यदि ग्राहक एटीएम डेबिट कार्ड न रखना चाहता हो तो बैंकों को ऐसे ग्राहकों को जबरन एटीएम डेबिट कार्ड देने की आवश्‍यकता नहीं है। तथापि, यदि ग्राहक एटीएम डेबिट कार्ड रखना चाहता हो तो बैंक अपने अन्‍य ग्राहकों को एटीएम डेबिट कार्ड और पिन सौंपने के लिए अपनाई जा रही पद्धति अपनाते हुए सुरक्षित सुपुर्दगी चैनलों के माध्‍यम से बीएसबीडीए ग्राहकों को वह उपलब्‍ध कराए।

21. क्‍या बीएसबीडीए धारकों को मुफ्त में पासबुक भी प्रदान किए जाने हैं ?

जी हां, बीएसबीडीए धारकों को दिनांक 16 अक्तूबर 2006 का परिपत्र सं शबैवि.बीपीडी(पीसीबी)सं.15/09. 39.000/2006-07 में निहित अनुदेशों के अनुसार मुफ्त में पासबुक सुविधा प्रदान की जानी चाहिए।

22. यदि एक ग्राहक बीएसबीडीए खोलता है लेकिन अपना मौजूदा बचत बैंक खाता 30 दिनों के भीतर बंद नहीं करता है तब क्‍या बैंक ऐसे बचत बैंक खातों को बंद करने के लिए स्‍वतंत्र है ?

बीएसबीडीए खोलते समय ग्राहक से लिखित रूप में सहमति ली जाए कि उसका मौजूदा गैर बीएसबीडीए बचत बैंक खाता बीएसबीडीए खोलने से 30 दिनों के भीतर बंद किया जाएगा तथा बैंक ऐसे खाते 30 दिनों के बाद बंद करने के लिए स्‍वतंत्र हैं।

23. एमजीनरेगा जैसे कुछ खातों में जहां संवितरण साप्‍ताहिक रूप में किए जाते हैं और यदि एक माह में पांच सप्‍ताह हो तो इससे चार आहरणों से ज्‍यादा आहरण हो जायेंगे। ऐसे मामलों में क्‍या बैंक पांच आहरणों की अनुमति दे सकता है ?

बीएसबीडीए में बैंकों से अपेक्षित है कि वे एटीएम और अन्‍य माध्‍यम से आहरण सहित न्‍यूनतम चार आहरण मुफ्त में उपलब्‍ध कराएं। चार आहरणों के बाद यह बैंक पर निर्भर करेगा कि वह अतिरिक्‍त आहरण मुफ्त में दें या उसके लिए प्रभार लगाएं। तथापि, बैंकों द्वारा मूल्‍यन संरचना उचित, गैर-विवेकी, गैर-पक्षपाती और पारदर्शी ढंग से तैयार की जाए।

24. ऐसे बुनियादी बचत बैंक जमा खाता में शेष राशि पर निर्धारित देय ब्‍याज दर क्‍या है ?

बचत बैंक जमा ब्‍याज दर के अविनियमन पर दिनांक 7 फरवरी 2012 शबैवि.बीपीडी(पीसीबी)सं.18/13.01. 000/2011-12 में निहित हमारे अनुदेश बुनियादी बचत बैंक जमा खाते में धारित जमाराशि पर लागू हैं

25. दिनांक 10 अगस्‍त 2012 के आरबीआई परिपत्र डीपीएसएस.केका.सीएचडी.सं.274/ 03.01.02/2012-13 के अनुसार यदि 'सममूल्‍य पर देय' /'मल्‍टी-सीटी' चेक बीएसबीडीए ग्राहकों को उनके अनुरोध पर जारी किए जाते हैं तो क्‍या बैंक न्‍यूनतम शेष अपेक्षाएं निर्धारित कर सकता है ?

बीएसबीडीए ग्राहकों को उपलब्‍ध करायी जा रही न्‍यूनतम सुविधाओं में चेक बुक सुविधा की परिकल्‍पना बीएसबीडीए में नहीं की गई। बैंक नि:शुल्‍क चेक बुक सुविधा सहित कोई भी अतिरिक्‍त सुविधा (जिस मामले में खाता बीएसबीडीए बना रहता है) या अतिरिक्‍त सुविधाओं के लिए प्रभार लगाने (जिस मामले में खाता बीएसबीडीए नहीं होता है) के लिए स्‍वतंत्र हैं।

26. बैंक के लिए 'नो-फ्रिल्‍स' खाते को बुनियादी बचत बैंक जमा खाता में परिवर्तित करने के लिए समय-सीमा क्‍या है ? मौजूदा सभी बुनियादी बचत बैंक जमा खाता धारकों को एटीएम कार्ड जारी करने के लिए बैंकों के लिए समय-सीमा क्‍या है ?

सभी मौजूदा 'नो-फ्रिल्‍स' खातों को परिपत्र की तारीख अर्थात् 17 अगस्‍त 2012 से बीएसबीडीए खाते माना जाए और परिपत्र के अनुसार मौजूदा नो-फ्रिल्‍स खाता धारकों को एटीएम कार्ड जारी करना आदि जैसी निर्धारित सुविधाएं ग्राहकों द्वारा जब कभी संपर्क किया जाये, बैंक द्वारा दी जा सकती हैं। तथापि, उन ग्राहकों, जो हमारा परिपत्र जारी होने के बाद नए खाते खोलते हैं, के लिए खाता खोलने के तुरंत बाद निर्धारित सुविधाएं उपलब्‍ध करायी जानी चाहिए।

27. क्‍या ग्राहक के अनुरोध पर सामान्‍य बचत बैंक खाता बीएसबीडीए में परिवर्तित किया जा सकता है?

जी हां, ऐसे ग्राहकों को अपनी सहमति लिखित रूप में देनी चाहिए और उन्‍हें बीएसबीडीए में उपलब्‍ध सेवाओं की विशेषताओं और परिमाण की जानकारी दी जानी चाहिए।

स्रोत: बैंक से जुड़ी जानकारी, बैंक समाचार|



© 2006–2019 C–DAC.All content appearing on the vikaspedia portal is through collaborative effort of vikaspedia and its partners.We encourage you to use and share the content in a respectful and fair manner. Please leave all source links intact and adhere to applicable copyright and intellectual property guidelines and laws.
English to Hindi Transliterate