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इलेक्ट्रॉनिक कॉमर्स

इलेक्ट्रॉनिक कॉमर्स
  1. इलेक्ट्रॉनिक कॉमर्स क्या है?
  2. ई-कॉमर्स ऑपरेटर कौन हैं?
  3. क्या ई-कॉमर्स ऑपरेटर को पंजीकरण करवाना अनिवार्य है?
  4. क्या ई-कॉमर्स ऑपरेटर के माध्यम से आपूर्ति करने वाला वस्तुओं का आपूर्तिकर्ता सीमारेखा छूट प्राप्त करने का हकदार होगा?
  5. क्या एक ई-कॉमर्स ऑपरेटर ऐसी वस्तुओं या सेवाओं की आपूर्ति के संबंध में कर का भुगतान करने के लिए उत्तरदायी होगा जिसकी आपूर्ति उसके द्वारा की गई है, बजाय वास्तविक आपूर्तिकर्ता के?
  6. क्या अधिसूचित सेवाओं पर कर का भुगतान करने के लिए उत्तरदायी इलेक्ट्रॉनिक कॉमर्स ऑपरेटरों को सीमारेखा छूट का लाभ उपलब्ध होगा?
  7. स्रोत पर कर संग्रह (टीसीएस) क्या है?
  8. यह बहुत आम है कि ग्राहक ई-कॉमर्स कपनियों को माल वापस भेज देते हैं। इस प्रकार वापस भेजे गये माल को कैसे समायोजित किया जाएगा?
  9. कराधीन आपूर्ति का शुद्ध मूल्य क्या है?
  10. क्या प्रत्येक ई-कॉमर्स ऑपरेटर को वास्तविक आपूर्तिकर्ता की ओर से कर एकत्रित करना आवश्यक है?
  11. ई-कॉमर्स ऑपरेटर को किस समय कथित कर एकत्र करना चाहिए?
  12. ई-कॉमर्स ऑपरेटर को कितने समय के भीतर सरकारी खाते में कथित टीसीएस जमा करना चाहिए?
  13. वास्तविक आपूर्तिकर्ता इस टीसीएस का दावा कैसे कर सकता है?
  14. क्या ई-कॉमर्स ऑपरेटर को कोई विवरण प्रस्तुत करना आवश्यक है? वे कैसी विस्तृत जानकारियां हैं जिन्हें विवरण में प्रस्तुत किया जाना आवश्यक है?
  15. ई-कॉमर्स प्रावधानों में मिलान की क्या अवधारणा है और यह कैसे काम करेगा?
  16. यदि विवरण का मिलान नहीं हो पाता तब क्या होगा?
  17. क्या कर अधिकारियों के पास कुछ अतिरिक्त शक्तियां प्राप्त हैं?

इलेक्ट्रॉनिक कॉमर्स क्या है?

इलेक्ट्रॉनिक कॉमर्स का मतलब डिजिटल पर डिजिटल उत्पाद या इलेक्ट्रॉनिक नेटवर्क पर वस्तुओं और सेवाओं या दोनों की आपूर्ति के रूप में परिभाषित किया गया है।

ई-कॉमर्स ऑपरेटर कौन हैं?

इलेक्ट्रॉनिक कॉमर्स ऑपरेटर को ऐसे व्यक्ति के रूप में परिभाषित किया गया है जो इलेक्ट्रॉनिक कॉमर्स के लिए डिजिटल या इलेक्ट्रॉनिक सुविधाओं या प्लेटफॉर्म का मालिक, संचालन या प्रबंधन करता है।

क्या ई-कॉमर्स ऑपरेटर को पंजीकरण करवाना अनिवार्य है?

हाँ, ई-कॉमर्स ऑपरेटरों के लिये सीमारेखा छूट (थ्रेसहोल्ड एक्सेम्पसन) का लाभ उपलब्ध नहीं है और वह उनके द्वारा आपूर्ति मूल्य की परवाह किये बिना पंजीकृत कराने के लिए उत्तरदायी होंगे ।

क्या ई-कॉमर्स ऑपरेटर के माध्यम से आपूर्ति करने वाला वस्तुओं का आपूर्तिकर्ता सीमारेखा छूट प्राप्त करने का हकदार होगा?

नहीं, ऐसे आपूर्तिकर्ताओं के लिए सीमारेखा छूट उपलब्ध नहीं है और उन्होंने कितने मूल्य की आपूर्ति की है उसकी परवाह किये बिना वे पंजीकरण करवाने के लिए उत्तरदायी होंगे। यह आवश्यकता, हालांकि, केवल तभी लागू होती है जब आपूर्ति ऐसे इलेक्ट्रॉनिक कॉमर्स ऑपरेटर के माध्यम से की जाती है जिसके लिए स्रोत पर कर एकत्र करना अनिवार्य है।

क्या एक ई-कॉमर्स ऑपरेटर ऐसी वस्तुओं या सेवाओं की आपूर्ति के संबंध में कर का भुगतान करने के लिए उत्तरदायी होगा जिसकी आपूर्ति उसके द्वारा की गई है, बजाय वास्तविक आपूर्तिकर्ता के?

हां, लेकिन केवल कुछ अधिसूचित सेवाओं के मामले में। ऐसे मामलों में कर का भुगतान इलेक्ट्रॉनिक कॉमर्स ऑपरेटर द्वारा किया जाएगा यदि ऐसी सेवाओं की आपूर्ति उसके माध्यम से की जाती है और कथित इलेक्ट्रॉनिक कॉमर्स ऑपरेटर पर उसी प्रकार से अधिनियम लागू होगा जिस प्रकार कोई व्यक्ति कथित सेवाओं की आपूर्ति के संबंध में कर का भुगतान करने के लिए उत्तरदायी होता है ।

क्या अधिसूचित सेवाओं पर कर का भुगतान करने के लिए उत्तरदायी इलेक्ट्रॉनिक कॉमर्स ऑपरेटरों को सीमारेखा छूट का लाभ उपलब्ध होगा?

नहीं, सीमारेखा छूट ऐसे ई-कॉमर्स ऑपरेटर के लिए उपलब्ध नहीं है जिन्हें उनके द्वारा प्रदान की गई अधिसूचित सेवाओं पर कर का भुगतान करना अनिवार्य है।

स्रोत पर कर संग्रह (टीसीएस) क्या है?

ई-कॉमर्स ऑपरेटर को उसके द्वारा की गई कराधीन आपूर्ति के शुद्ध मूल्य के एक प्रतिशत से अधिक नही की दर से गणना की गई राशि के बराबर रकम एकत्रित करना आवश्यक है, जहां कथित आपूर्ति के संबंध में प्रतिफल कथित ऑपरेटर द्वारा एकत्र किया जाना है। इस प्रकार एकत्र की गई राशि को स्रोत पर कर संग्रह (टीसीएस) कहा जाता है।

यह बहुत आम है कि ग्राहक ई-कॉमर्स कपनियों को माल वापस भेज देते हैं। इस प्रकार वापस भेजे गये माल को कैसे समायोजित किया जाएगा?

एक ई-कॉमर्स कॉपनी को केवल कराधीन आपूर्ति के शुद्ध मूल्य पर कर एकत्र करना आवश्यक है। दूसरे शब्दों में, वापस लौटाई गई आपूर्ति के मूल्य को कराधीन आपूर्ति के कुल मूल्य में समायोजित किया जाता है।

कराधीन आपूर्ति का शुद्ध मूल्य क्या है?

कराधीन आपूर्ति के शुद्ध मूल्य का मतलब कराधीन वस्तुओं या सेवाओं या दोनों का सकल मूल्य है, उन सेवाओं को छोड़कर जिसमें समग्र कर ई-कॉमर्स ऑपरेटर द्वारा देय है, जिसका भुगतान किसी भी महीने के दौरान सभी पंजीकृत व्यक्तियों द्वारा ऐसे ऑपरेटर के माध्यम से किया गया है और कथित महीने में वापस की गई कराधीन आपूर्ति को सकल/ कुल मूल्य से घटा दिया जाएगा।

क्या प्रत्येक ई-कॉमर्स ऑपरेटर को वास्तविक आपूर्तिकर्ता की ओर से कर एकत्रित करना आवश्यक है?

हां, हर ई-कॉमर्स ऑपरेटर को ऐसी आपूर्ति के संबंध में कर एकत्र करना आवश्यक है, जहां आपूर्ति से संबंधित प्रतिफल ई-कॉमर्स ऑपरेटर द्वारा एकत्रित किया जा रहा है।

ई-कॉमर्स ऑपरेटर को किस समय कथित कर एकत्र करना चाहिए?

ई-कॉमर्स ऑपरेटर को उस महीने के दौरान कर एकत्र करना चाहिए जिस महीने उसके द्वारा आपूर्ति की गई थी।

ई-कॉमर्स ऑपरेटर को कितने समय के भीतर सरकारी खाते में कथित टीसीएस जमा करना चाहिए?

ऑपरेटर द्वारा एकत्र की गई राशि का भुगतान उचित सरकार के खाते में एकत्र की गई राशि के महीने की समाप्ति के बाद के 10 दिनों के भीतर किया जाना अनिवार्य है ।

वास्तविक आपूर्तिकर्ता इस टीसीएस का दावा कैसे कर सकता है?

ऑपरेटर द्वारा उपयुक्त सरकार के खाते में जमा की जाने वाली टीसीएस की रकम वास्तविक पंजीकृत आपूर्तिकर्ता (जिसकी तरफ से कथित कर का भुगतान किया गया है) के नकद बहीखाते में दर्शायी जाएगी। वास्तविक आपूर्तिकर्ता द्वारा आपूर्ति के संबंध में कर देयता के निर्वहन के समय भी इसका इस्तेमाल किया जा सकता है।

क्या ई-कॉमर्स ऑपरेटर को कोई विवरण प्रस्तुत करना आवश्यक है? वे कैसी विस्तृत जानकारियां हैं जिन्हें विवरण में प्रस्तुत किया जाना आवश्यक है?

हां, हर ऑपरेटर को इलेक्ट्रॉनिक प्रारूप में विवरण प्रस्तुत की बाहर भेजी/आउटडोर आपूर्ति सम्मिलित है, इसमें उसको वापस भेजी गई वस्तुओं और सेवाओं की वापस लौटाई गई आपूर्ति भी सम्मिलित है, और उसे महीने के दौरान उसके द्वारा टीसीएस के रूप में एकत्रित रकम कथित महीने की समाप्ति के दस दिन के भीतर दिखानी होगी। ऑपरेटर को वित्तीय वर्ष के अंत से लेकर 31 दिसंबर के दिन एक वार्षिक विवरण दर्ज करना होगा जिसमें कितनी राशि का कर एकत्र किया गया है दर्शाया जाएगा।

ई-कॉमर्स प्रावधानों में मिलान की क्या अवधारणा है और यह कैसे काम करेगा?

एक कैलेंडर माह के दौरान आपूर्ति के विवरण और एकत्र की गई राशि, और प्रत्येक ऑपरेटर द्वारा प्रस्तुत किये गये उसकी या उससे पिछले महीने के वैध रिटर्न विवरण के साथ मिलान किया  जाएगा। जहां आउटवर्ड आपूर्ति के विवरण, जिसपर कर एकत्र किया  गया है, जैसा कि ऑपरेटर द्वारा उसके विवरण में घोषित किया गया होता तब ऐसे अंतर की सूचना दोनों पक्षों/व्यक्तियों को कर दी जाएगी ।

यदि विवरण का मिलान नहीं हो पाता तब क्या होगा?

किसी भुगतान से संबंधित आपूर्ति का मूल्य जिसके संबंध में किसी विसंगति को सूचित किया गया है और जिसे आपूर्तिकर्ता द्वार विसंगति सूचित करने वाले महीने पर उसके द्वारा उसके वैध रिटर्न पर दर्ज नहीं किया गया है उसे कथित आपूर्तिकर्ता के आउटपुट दायित्व में जोड़ दिया जाएगा, आगामी कैलेंडर महीने के लिये जिस कैलेंडर महीने में विसंगति सूचित की गई थी। संबंधित आपूर्तिकर्ता, जिसके आउटपुट कर देयता में किसी राशि को जोड़ी गई राशि पर इस तरह की आपूर्ति के संबंध में देय कर का भुगतान करने के लिए उत्तरदायी होगा ।

क्या कर अधिकारियों के पास कुछ अतिरिक्त शक्तियां प्राप्त हैं?

कोई भी प्राधिकारी जिसका पद उपायुक्त से कम न हो, नोटिस प्राप्ति की तिथि से 15 दिनों के भीतर विनिर्दिष्ट ब्यौरा प्रस्तुत करने हेतु इलेक्ट्रॉनिक ऑपरेटर को नोटिस जारी कर सकता है।

 

स्रोत: भारत सरकार का केंद्रीय उत्पाद व सीमा शुल्क बोर्ड, राजस्व विभाग, वित्त मंत्रालय


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