<div id="MiddleColumn_internal"> <h3 style="text-align: justify;">भूमिका</h3> <p style="text-align: justify;">'<img class="image-right" src="https://static.vikaspedia.in/media/images_hi/e-governance/resources-for-vles/93594090f932908-915947-93293f90f-93894793593e90f901/jeevan_pramaan_snippets_10nov2016.jpg" width="241" height="138" /></p> <p style="text-align: justify;">जीवन प्रमाण योजना के तहत डिजिटल के लिए वह अनिवार्यता खत्म हो जाएगी जिसके तहत उन्हें हर वर्ष नवम्बर में खुद जाकर लाइफ सर्टिफिकेट पेश करना पड़ता है, ताकि उनके खाते में पेंशन राशि आने का क्रम जारी रह सके। इलेक्ट्रॉनिक्स व आईटी विभाग ने एक सॉफ्टवेयर एप्लीकेशन विकसित किया है जिसके तहत एक बायोमीट्रिक रीडिंग डिवाइस लगाई जाएगी और फिर इसकी मदद से पेंशनभोगी के आधार नम्बर एवं बायोमीट्रिक ब्यौरे को उसके मोबाइल अथवा कंप्यूटर से दर्ज किया जा सकेगा। पेंशनभोगियों से जुड़े महत्वपूर्ण विवरण को वास्तविक समय में एक केन्द्रीय डाटाबेस पर अपलोड किया जाएगा, जिसमें तारीख, समय और बायोमीट्रिक सूचनाएं शामिल होंगी। इस व्यवस्था से पेंशन वितरण करने वाली एजेंसी के लिए डिजिटल लाइफ सर्टिफिकेट हासिल करना संभव हो जाएगा। इससे निष्कर्ष के तौर पर इस तथ्य की पुष्टि हो जाएगी कि सत्यापन के समय पेंशनभोगी जिंदा था। अब यह सेवा सीएससी के माद्यम से नागरिकों के लिए और भी आसान हो जायेगा।</p> <h3 style="text-align: justify;">सीएससी के लिए आवश्यक ध्यान देने योग्य बातें</h3> <ol style="text-align: justify;"> <li>सेवाओं की उपलब्धता के बारे में पोस्टर रखें</li> <li>जीवन प्रमाण पर पर्चे वितरित करें</li> <li>स्थानीय मीडिया के माध्यम से पेंशनरों को सूचित करें</li> <li>भूतपूर्व जिला सैनिक कल्याण अधिकारी से संपर्क और रक्षा पेंशनरों का विवरण दें</li> <li>वीएलई उनसे संपर्क करें और सीएससी के माध्यम से जीवन प्रमाण प्रस्तुत करने के लिए उनसे पूछ सकते हैं</li> <li>पुराने और कमजोर पेंशनरों के लिए वीएलई उनके घर पर जाएँ और उनका जीवन प्रमाण बना सकते हैं</li> </ol> <h3 style="text-align: justify;"><span style="text-align: justify;">वीएलई को पुरस्कार</span></h3> <p style="text-align: justify;"><span style="text-align: justify;"> </span>इसके अलावा एलआईसी पेंशनर भी सीएससी के माध्यम से जीवन प्रमाण जमा कर सकते हैं। नवंबर 2016<span style="text-align: justify;"> </span>के दौरान जीवन प्रमाण का प्रचार करने के लिए वीएलई को पुरस्कार दिया जाएगा।</p> <ol> <li>1000 से अधिक - 1 टैबलेट</li> <li>500 से अधिक - मोरफो डिवाइस</li> <li>200 से अधिक - पेन ड्राइव</li> <li>100 से अधिक - टी-शर्ट</li> </ol> <p style="text-align: justify;">जो वीएलई किसी भी कारण से पेंशनरों के लिए जीवन प्रमाण करने के लिए मना करेंगे उनकी ओएमटी आईडी अवरुद्ध हो जाएगी।</p> <p style="text-align: justify;">स्रोत: <a class="external_link ext-link-icon external-link" title=" अपना सीएससी, भारत सरकार (नए विंडोज में खुलने वाली अन्य वेबसाइट लिंक)" href="http://apna.csc.gov.in/" target="_blank" rel="noopener">अपना सीएससी, भारत सरकार</a></p> </div>